Om Har Har Har Mahadev

शिव आरती – महादेव ॐ हर हर हर महादेव जय नटराज, महेश्वर, महाकाल, शम्भो आदि, अखण्ड, अगोचर, त्रिगुणातीत विभो विश्वनाथ त्रिपुरारी, हे ओंकार स्वरूप ब्रह्मा, विष्णु, सदाशिव तीनों एक ही रूप पर ब्रह्म, परमेश्वर, गंगाधर, गणनाथ सत्-चित्-आनन्द सुन्दर, पशुपति भोलेनाथ दक्ष-यज्ञ विध्वंसक, मदन नाश करता कोटि सूर्य सम आभा, सौम्य रूप धरता चिता भस्म तन […]

Om Jay Jagdish Hare

जगदीश्वर आरती ॐ जय जगदीश हरे, प्रभु! जय जगदीश हरे भक्त जनों के संकट, क्षण में दूर करे —-ॐ जय ….. जो ध्यावे फल पावे, दुख विनसे मन का —-प्रभु दुख…. सुख सम्पति घर आवे, कष्ट मिटे तन का —-ॐ जय …. माता-पिता तुम मेरे, शरण गहूँ किसकी —-प्रभु शरण …. तुम बिन और न […]

Om Jay Lakshmi Ramana

सत्यनारायण आरती ॐ जय लक्ष्मीरमणा, प्रभु जय लक्ष्मीरमणा सत्यनारायण स्वामी, जन-पातक हरणा —-ॐ जय….. रत्नजटित सिंहासन, अद्भुत छबि राजे —-प्रभु अद्भुत …. नारद करत निराजन, घंटा धवनि बाजै —-ॐ जय …. प्रकट भये कलि कारण, द्विज को दरस दियो —-प्रभु द्विज … बूढ़े ब्राह्मण बनकर, कंचन-महल कियो —-ॐ जय….. दुर्बल भील व दीन, जिन पर […]

Aarti Lakshmi Narayan Ki

लक्ष्मीनारायण आरती आरती लक्ष्मीनारायण की स्वर्णिम पीताम्बर हरि धारे, उज्जवल वसन प्रिया चित चोरे माँ कमला कर धारे अम्बुज, कमल-नयन श्री विष्णु चतुर्भुज अनुपम कांति प्रिया पे राजै, श्रीपति क्षीर-समुद्र विराजै शंख चक्र अरु गदा पद्म कर, अनुपमेय शोभित हैं श्रीधर श्री पीठा-स्थित माता मोहे, शेष शयन गरुड़ासन सोहे मंजुल मूरति उज्जवल रूपा, सीता रूक्मिणि […]

Om Jay Narsingh Hare

नरसिंह आरती ॐ जय नरसिंह हरे, प्रभु जय नरसिंह —-हरे प्रभु …. चरण-कमल जो ध्याये, संकट दूर करे —-ॐ ….. खम्भ फाड़ के श्री हरि, लियो आप अवतार —-प्रभु …. सिंह रूप को धार्यो, महिमा अपरम्पार —-ॐ …. मुख जिह्वा भयकारी, उग्ररूप धारी —-प्रभु …. नाटी मोटी गरदन, अस्त्र-शस्त्र भारी —-ॐ जय …. नख से […]

Jay Shri Ram Hare

रामचन्द्र आरती श्री राम हरे ॐ जय रघुवीर हरे आरती करूँ तुम्हारी, संकट सकल टरे कौशल्या-सुखवर्धन, नृप दशरथ के प्रान श्री वैदेही-वल्लभ, भक्तों की प्रभु आन —-ॐ जय … सत्-चित्-आनन्द रूपा, मनुज रूप धारी शिव, ब्रह्मा, सुर वन्दित, महिमा अति भारी —-ॐ जय … श्रीविग्रह की आभा, नव नीरद सम श्याम —- सुभग सरोरुह लोचन, […]

Raghu Nandan Ki Aarti Kije

राम आरती रघुनन्दन की आरती कीजै, दिव्य स्वरूप बसा मन लीजै पीताम्बर अद्वितीय कलेवर, संग जानकी माता सोहे धनुष बाण धारे जगदीश्वर, भरत, लखन, रिपुसूदन मोहे वैदेही लक्ष्मण है सँग में, राघवेन्द्र वनवास पधारे ॠषि, मुनि, शबरी दर्शन पाये, खरदूषण राक्षस संहारे साधुवेष धर रावण पहुँचा, वैदेही को तभी चुराया रावणादि को मार युद्ध में, […]

Aarti Kije Shri Raghuvar Ki

राम आरती आरती कीजै श्री रघुवर की, मर्यादा पुरुषोत्तम राम की दशरथ-सुत कौसल्या-नंदन, चंद्र-वदन की शोभा भारी सुर-मुनि-रक्षक, दैत्य-निकंदन, मर्यादित जीवन असुरारी स्वर्ण-मुकुट मकराकृत कुण्डल, हीरक-हार छटा उजियारी भुजा विशाल आभरण अनुपम, भाल तिलक की शोभा न्यारी सूर्य चन्द्र कोटिक छबि लाजै, स्वर्णिम पीताम्बर कटि धारी धीर वीर प्रभु जानकीवल्लभ, शिव, ब्रह्मा, ऋषि मुनि बलिहारी […]

Jay Jay Bal Krishna

कृष्ण आरती जय जय बालकृष्ण शुभकारी, मंगलमय प्रभु की छबि न्यारी रत्न दीप कंचन की थारी, आरति करें सकल नर-नारी नन्दकुमार यशोदानन्दन, दुष्ट-दलन, गो-द्विज हितकारी परब्रह्म गोकुल में प्रकटे, लीला हित हरि नर-तनु धारी नव-जलधर सम श्यामल सुन्दर, घुटुरन चाल अमित मनहारी पीत झगा उर मौक्तिक-माला, केशर तिलक दरश प्रियकारी दंतुलिया दाड़िम सी दमके, मृदुल […]

Om Jay Govind Hare

कृष्ण आरती ॐ जय गोविन्द हरे, प्रभु जय गोपाल हरे सत्य सनातन सुन्दर, मन-वच-बुद्धि परे नव नीरद सम श्यामल, शोभा अति भारी चपल कमल दल लोचन, ब्रज जन-बलिहारी शरद पूर्णिमा शशि सम, मुख-मण्डल अभिराम मृग-मद तिलक विराजत, कुंचित केश ललाम मोर-मुकुट कर मुरली, पीताम्बर धारी गल बैजंती माला, राजत बनवारी —- नवनीत चोर कहावे, विश्वम्भर […]