Ab Tum Kab Simaroge Ram

हरिनाम स्मरण अब तुम कब सुमरो गे राम, जिवड़ा दो दिन का मेहमान गरभापन में हाथ जुड़ाया, निकल हुआ बेइमान बालापन तो खेल गुमाया, तरूनापन में काम बूढ़ेपन में काँपन लागा, निकल गया अरमान झूठी काया झूठी माया, आखिर मौत निदान कहत ‘कबीर’ सुनो भाई साधो, क्यों करता अभिमान

Ram Ka Gungan Kariye

श्री राम महिमा राम का गुणगान करिए राम के गुण का हो चिंतन, राम-गुण का स्मरण कीर्तन, मनुजता को हृदय में धर, आप जीवन सफल करिए, मनन करिए, ध्यान धरिए, राम का…. सगुण ब्रह्म स्वरूप सुंदर, सृजन, पालन चरित सुखकर, परम-आत्मा, जगत्-आत्मा, राम को प्रणाम करिये, मनन करिए ध्यान धरिए, राम का…. 

Ram Krishna Kahiye Uthi Bhor

राम कृष्ण चरित्र राम कृष्ण कहिये उठि भोर श्री राम तो धनुष धरे हैं, श्री कृष्ण हैं माखन चोर उनके छत्र चँवर सिंहासन, भरत, शत्रुघन, लक्ष्मण जोर इनके लकुट मुकुट पीतांबर, नित गैयन सँग नंद-किशोर उन सागर में सिला तराई, इन राख्यो गिरि नख की कोर ‘नंददास’ प्रभु सब तजि भजिए, जैसे निरखत चंद चकोर […]

Ram Nam Ke Do Akshar

राम नाम महिमा राम नाम के दो अक्षर, पापों का, सुनिश्चित शमन करें विश्वास और श्रद्धापूर्वक, जपले भवनिधि से पार करें हो कामकाज चलते बैठे, बस राम नाम उच्चारण हो भोगे न यातना यम की वह और परम शान्तिमय जीवन हो दो अक्षर हैं ये मन्त्रराज, जो जपे कार्य सब सफल करे देवता लोग, सब […]

Ram Sumir Ram Sumir

माया राम सुमिर, राम सुमिर, यही तेरो काज रे माया को संग त्याग, प्रभुजी की शरण लाग मिथ्या संसार सुख, झूठो सब साज रे सपने में धन कमाय, ता पर तूँ करत मान बालू की भीत जैसे, दुनिया को साज रे ‘नानक’ जन कहत बात, बिनसत है तेरो गात छिन-छिन पर गयो काल, तैसे जात […]

Re Man Ram So Kar Preet

श्री राम भजो रे मन राम सों कर प्रीत श्रवण गोविंद गुण सुनो, अरु गा तू रसना गीत साधु-संगत, हरि स्मरण से होय पतित पुनीत काल-सर्प सिर पे मँडराये, मुख पसारे भीत आजकल में तोहि ग्रसिहै, समझ राखौ चीत कहे ‘नानक’ राम भजले, जात अवसर बीत 

Shri Ram Ko Maa Kaikai Ne

राम वनगमन श्रीराम को माँ कैकयी ने दिया जभी वनवास उनके मुख पर कहीं निराशा का, न तभी आभास मात कौसल्या और सुमित्रा विलपे, पिता अचेत उर्मिला की भी विषम दशा थी, त्यागे लखन निकेत जटा बनाई वल्कल पहने, निकल पड़े रघुनाथ जनक-नन्दिनी, लक्ष्मण भाई, गये उन्हीं के साथ आज अयोध्या के नर नारी, विह्वल […]

Shri Ram Jape Ham Kaise Hi

राम नाम महिमा श्री राम जपें हम कैसे ही उलटा नाम जपा वाल्मीकि ने, ब्रह्मर्षि हो गये वही लिया अजामिल ने धोखे से नाम तर गया भवसागर द्रुपद-सुता जब घिरी विपद् से, लाज बचाई नटनागर गज, गणिका का काम बन गया, प्रभु-कृपा से ही तो प्रतीति प्रीति हो दो अक्षर में, श्रीराम मिले उसको तो […]

Jay Shri Ram Hare

रामचन्द्र आरती श्री राम हरे ॐ जय रघुवीर हरे आरती करूँ तुम्हारी, संकट सकल टरे कौशल्या-सुखवर्धन, नृप दशरथ के प्रान श्री वैदेही-वल्लभ, भक्तों की प्रभु आन —-ॐ जय … सत्-चित्-आनन्द रूपा, मनुज रूप धारी शिव, ब्रह्मा, सुर वन्दित, महिमा अति भारी —-ॐ जय … श्रीविग्रह की आभा, नव नीरद सम श्याम —- सुभग सरोरुह लोचन, […]

Rajan Ram Lakhan Ko Dije

विश्वामित्र की याचना राजन! राम-लखन को दीजै जस रावरो, लाभ बालक को, मुनि सनाथ सब कीजै डरपत हौं, साँचे सनेह बस, सुत प्रभाव बिनु जाने पूछो नाम देव अरु कुलगुरु, तुम भी परम सयाने रिपु दल दलि, मख राखि कुसल अति, अल्प दिननि घर ऐंहैं ‘तुलसिदास’ रघुवंस तिलक की, कविकुल कीरति गेहैं